बीकानेर (मुकेश रामावत): महाराजा गंगा सिंह विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग में शुक्रवार को "राती घाटी युद्ध" विषय पर विस्तार व्याख्यान आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राजकीय अभियांत्रिकी महाविद्यालय के डॉ.चक्रवर्ती नारायण श्रीमाली ने कहा कि मध्यकाल में राव जैतसी ने राती घाटी युद्ध के जरिए बाहरी ताकतों के खिलाफ बीकानेर का परचम लहराया और पश्चिमी सीमा को सुरक्षित किया। उन्होंने अपनी पुस्तक के हवाले से युद्ध की घटनाओं को विस्तार से समझाया और कहा कि "बीकानेर की धरती वीरों के बलिदान से सींची गई है"। व्याख्यान की शुरुआत मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन से हुई। विभागाध्यक्ष डॉ.मेघना शर्मा ने स्वागत उद्बोधन में छात्रों से क्षेत्रीय इतिहास के अध्ययन पर जोर दिया। डॉ.गोपाल व्यास ने विषय प्रवर्तन करते हुए राती घाटी युद्ध को मध्यकालीन इतिहास का निर्णायक युद्ध बताया। कार्यक्रम में भगवान जोशी, वंदना पुरोहित और संजना सुथार सहित छात्रों ने भी अपने विचार रखे। संचालन डॉ.मुकेश हर्ष ने किया और धन्यवाद ज्ञापन जसप्रीत सिंह ने दिया। इस अवसर पर डॉ.संजना चौधरी, सुशीला बिश्नोई, रिंकू जोशी सहित बड़ी संख्या में शिक्षक और स्नातकोत्तर के विद्यार्थी मौजूद रहे।
राती घाटी युद्ध: बीकानेर के राव जैतसी ने बाहरी आक्रांताओं को दी थी करारी शिकस्त: डॉ.श्रीमाली
By -
July 25, 2026
0
Tags: