नोखा/बीकानेर (मुकेश रामावत): कस्बे की पीपली चौक स्थित भारतीय स्टेट बैंक की शाखा में ग्राहकों की जमा राशि में गड़बड़ी का मामला सामने आया है। बैंक के ही एक कैशियर पर 1 लाख रुपये का आपराधिक दुरुपयोग करने का आरोप लगा है। शाखा प्रबंधक की रिपोर्ट के आधार पर नोखा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शाखा प्रबंधक शरद गांधी के अनुसार 10 अप्रैल को ग्राहक अनिल लखारा अपने भाई मनोज लखारा के खाते में 2 लाख 96 हजार रुपये जमा कराने आए थे लेकिन जमा पर्ची में गलती से 1 लाख 96 हजार रुपये ही लिखे गए। आरोप है कि कैशियर अविनाश वर्मा ने इसका फायदा उठाते हुए बचे हुए 1 लाख रुपये को न तो खाते में जमा किया और न ही बैंक के रिकॉर्ड में दिखाया, बल्कि अपने पास रख लिए।
*सीसीटीवी और आंतरिक जांच में खुलासा*
15 अप्रैल को बैंक प्रबंधन ने आंतरिक जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर दिखा कि कैशियर ने ग्राहक से 500-500 के 6 पैकेट लिए थे। इसमें से 2 पैकेट यानी 1 लाख रुपये गिनती के समय अलग कर कैश ड्रॉअर में छिपा दिए गए। जब परिस्थितिजन्य सबूतों के आधार पर कैशियर से पूछताछ हुई तो 18 अप्रैल को उसने वह 1 लाख रुपये बैंक में वापस जमा कर दिए।
*पुलिस कर रही जांच*
बैंक प्रबंधन का कहना है कि बाद में रकम लौटा देने से पहले हुए कृत्य की गंभीरता कम नहीं होती। यह बैंक के साथ विश्वासघात और आपराधिक दुरुपयोग की श्रेणी में आता है।
शाखा प्रबंधक की शिकायत पर नोखा पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। थानाधिकारी अरविंद कुमार मामले की जांच कर रहे हैं। पुलिस का कहना है कि सभी तथ्यों और साक्ष्यों की जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।