रानीवाड़ा/जालौर (महेंद्र देवासी): बार एसोसिएशन रानीवाड़ा ने तहसीलदार हनुवंतसिंह देवड़ा के विरुद्ध कार्रवाई एवं उन्हें गृह जिला जालोर से हटाने की मांग को लेकर राजस्व मंडल, राजस्थान, अजमेर के अध्यक्ष के नाम उपखंड अधिकारी के माध्यम से ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन के अनुसार अधिवक्ता प्रवीण विश्नोई ने आरोप लगाया कि 10 जून को वे एक पुनर्विलोकन प्रार्थना-पत्र प्रस्तुत करने तहसील कार्यालय पहुंचे थे। आरोप है कि तहसीलदार ने प्रार्थना-पत्र लेने से इनकार कर दिया। अधिवक्ता का कहना है कि इस दौरान उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया तथा पुलिस में मुकदमा दर्ज कर जेल भिजवाने की धमकी भी दी गई। अधिवक्ता ने यह भी दावा किया कि घटना का वीडियो रिकॉर्ड किया गया है। बार एसोसिएशन ने बताया कि 11 जून को आयोजित बैठक में इस मामले पर चर्चा की गई। बैठक में उपस्थित अधिवक्ताओं ने कथित घटना की निंदा करते हुए सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया कि तहसीलदार के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाए तथा गृह जिले में उनकी नियुक्ति की भी जांच कर आवश्यक कदम उठाए जाएं। ज्ञापन में राजस्व मंडल से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने और तहसीलदार को गृह जिला जालोर से तत्काल हटाने की मांग की गई है।
*नोट: यह समाचार बार एसोसिएशन द्वारा लगाए गए आरोपों और ज्ञापन में दर्ज तथ्यों पर आधारित है। तहसीलदार का पक्ष प्राप्त नहीं हो सका है। उनका पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।*