श्रीडूंगरगढ़/बीकानेर (तोलाराम मारू): माहेश्वरी सेवा सदन, आड़सर बास में महेश नवमी महोत्सव बड़ी धूमधाम से मनाया गया। भगवान महेश के विद्वान पंडित विष्णुदत्त शास्त्री द्वारा मंत्रोच्चारण कर पूजा शुरू की गई एवं इस पूजा-अर्चना मे समाजसेवी बाबूलाल लखोटिया (सपत्नीक) द्वारा की गई। अखिल भारतीय माहेश्वरी महासभा के मंडल सदस्य रामचन्द्र राठी ने समाज की उत्पत्ति के बारे में बहुत ही अच्छी जानकारी बताई। श्रीडूंगरगढ़ माहेश्वरी सभा के अध्यक्ष नारायण कलाणी ने कहा कि सभी संकल्प लें कि समाज में प्रेम, एकता, सहयोग और संस्कारों को और अधिक सशक्त बनावें, ताकि नई पीढ़ी को अपनी गौरवशाली संस्कृति से जोड़ा जा सके। माहेश्वरी सेवा सदन के मंत्री राधेश्याम तापड़िया ने सभी जनो का आभार व्यक्त किया और कहा कि ऐसे सामाजिक कार्यक्रमों में अधिकाधिक संख्या में हमें शामिल होना चाहिए। पूजा में समाज के बहुत बड़ी संख्या में गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
चांद रतन राठी, मांगीलाल राठी, मोहन लाल कलाणी, शिव भगवान मूंधड़ा, मदन राठी, लक्ष्मीनारायण लोहिया, सुशील डागा, नन्दलाल लखोटिया, सुरेश तापड़िया, राजेन्द्र प्रसाद राठी, चन्द्रकान्त लखोटिया, महावीर लखोटिया, विमल बलदेवा, राजू झंवर, अशोक करनाणी, हनुमान राठी, मनोज राठी, श्रीकिशन सोमानी, भगवान लखोटिया, विनोद सोमानी, भागीरथ गांधी, ऋषि राठी सहित अनेको पुरुष व मातृशक्ति ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। महेश नवमी की पूर्व संध्या पर एक विशाल शोभा यात्रा निकाली गई। यह शोभा यात्रा बैंड-बाजे, मनमोहक झांकियों, रथ और घोड़ियों के साथ कालू बास, माहेश्वरी भवन से रवाना हुई। मुख्य मार्गों से होते हुए और आड़सर बास माहेश्वरी सेवा सदन से गुजरते हुए इस यात्रा का समापन बिग्गा बास के महेश भवन में हुआ। रास्ते में जगह-जगह पुष्प वर्षा कर शोभा यात्रा का भव्य स्वागत किया गया। जय महेश के जयघोष से सम्पूर्ण शहर गुंजायमान हो गया।