बीकानेर: मध्यप्रदेश में ट्रेन में मोबाइल ब्लास्ट से आग लगने की अफवाह के बाद नीचे उतरे यात्री दूसरी ट्रेन की चपेट में आ गए। हादसे में बीकानेर की एक महिला समेत चार लोगों की मौत हो गई। महिला का शव को आज शाम तक घेसूरा गांव लाया जाएगा। महिला पीहर वालों के साथ तीर्थ पर गईं थीं। पति की 15 साल पहले सड़क हादसे में मौत हो चुकी हैं। रेलवे प्रबंधन के अनुसार हादसा उत्तर मध्य रेलवे के झांसी मंडल के हेतमपुर-धौलपुर रेलखंड पर हुआ। गाड़ी संख्या 19665 खजुराहो-उदयपुर इंटरसिटी एक्सप्रेस रविवार शाम करीब 4:15 बजे हेतमपुर और धौलपुर स्टेशन के बीच चेन पुलिंग के कारण सेक्शन में रुक गई थी। मोबाइल ब्लास्ट से आग लगने की अफवाह के बाद यात्री घबराकर ट्रेन से नीचे उतर गए। इसी दौरान दूसरी ट्रेन की चपेट में आने से हादसा हो गया। घेसूरा गांव निवासी बीरमा देवी कुछ दिन पहले अपने पीहर रघुनाथपुरा गई थीं। परिजनों के अनुसार वे वहां से रिश्तेदारों और अन्य महिलाओं के साथ तीर्थ यात्रा पर निकली थीं। यात्रा के दौरान मध्यप्रदेश के मुरैना जिले में हादसा हो गया, जिसमें उनकी मौत हो गई।
*आग की अफवाह से मची अफरा-तफरी*
जानकारी के अनुसार ट्रेन में आग लगने की अफवाह फैलने के बाद यात्रियों में भगदड़ मच गई। घबराहट में कई यात्री चलती ट्रेन से उतरकर रेलवे ट्रैक पर आ गए। इसी दौरान सामने से आ रही दूसरी ट्रेन की चपेट में आने से चार यात्रियों की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों में बीरमा देवी भी शामिल थीं। ग्रामीणों ने बताया कि बीरमा देवी के पति गिरधारी गुसाई का करीब 15 वर्ष पूर्व एक सड़क हादसे में निधन हो गया था। पति की मौत के बाद उन्होंने संघर्ष करते हुए परिवार का पालन-पोषण किया। उनके कोई बेटा नहीं है और चार बेटियां हैं।
*शाम तक शव पहुंचने की संभावना*
हादसे की सूचना मिलते ही घेसूरा गांव सहित आसपास के क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। बीरमा देवी का शव सोमवार शाम तक गांव पहुंचने की संभावना है। ससुराल पक्ष के लोग घर पर एकत्र हो गए हैं, जबकि उनकी बेटियां भी गांव पहुंच रही हैं। बड़ी संख्या में ग्रामीण परिजनों को ढांढस बंधाने उनके घर पहुंचे और मृतका को श्रद्धांजलि अर्पित की।