बीकानेर: राजस्थान बेरोजगार शारीरिक शिक्षक संघ पीटीआई भर्ती 2026 में पदों की संख्या बढ़ाने और रिक्त पदों को भरने की मांग को लेकर सैकड़ों युवाओं ने जिला कलक्टर कार्यालय के समक्ष जोरदार प्रदर्शन किया। अभ्यर्थियों ने कलेक्ट्रेट के बाहर नारेबाजी करते हुए राज्य के मुख्यमंत्री के नाम जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। आन्दोलनकारियों ने रोष जताया कि राज्य सरकार एक तरफ करोड़ों रुपए खर्च करके खेल आयोजनों के जरिए 'खेलेगा राजस्थान' के दावे कर रही है, वहीं दूसरी तरफ सरकारी स्कूलों में बच्चों को खेल सिखाने वाले शारीरिक शिक्षकों की भर्ती में मात्र 1000 पद घोषित किए गए हैं। राज्य में हजारों पद खाली होने के बावजूद इतनी कम संख्या में भर्ती निकालना बेरोजगार योग्य अभ्यर्थियों के रोजगार के अवसरों पर कुठाराघात है और स्कूली बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। अभ्यर्थियों ने मांग की है कि इन पदों को तुरंत बढ़ाकर 5000 पद किये जाए।
*प्राथमिक विद्यालयों में खेल शिक्षा की अनदेखी का आरोप*
अभ्यर्थियों ने सरकार की खेल नीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास की नींव प्राथमिक स्तर पर ही पड़ती है, लेकिन राज्य के प्राथमिक विद्यालयों में शारीरिक शिक्षकों के पद ही सृजित नहीं हैं। मांग की गई है कि प्रत्येक प्राथमिक विद्यालय में पीटीआई के पद सृजित किए जाएं और खेल शिक्षा को सुदृढ़ करने के लिए स्थायी प्रावधान किए जाएं।
*मांगें पूरी नहीं हुई तो होगा बड़ा आंदोलन*
संगठन ने साफ शब्दों में चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने 1000 पदों को बढ़ाकर 5000 करने और प्राथमिक स्कूलों में पद सृजन को लेकर जल्द ही कोई सहानुभूतिपूर्वक और सकारात्मक निर्णय नहीं लिया, तो यह आंदोलन केवल बीकानेर तक सीमित नहीं रहेगा। आने वाले दिनों में प्रदेश भर के हजारों अभ्यर्थी जयपुर में महापड़ाव डालेंगे और उग्र आंदोलन के लिए मजबूर होंगे, जिसकी समस्त जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।