पिलानी (राजेन्द्र शर्मा झेरलीवाला) झुंझुनू जिले के पिलानी क्षेत्र के झेरली गांव में हुए भीषण गौशाला अग्निकांड के बाद जहां पूरे गांव में शोक और मायूसी का माहौल है, वहीं संकट की इस घड़ी में जनसेवक एवं भामाशाह डॉ.मधुसूदन मालानी पीड़ित परिवार के लिए सहारा बनकर सामने आए। उन्होंने मौके पर पहुंचकर न सिर्फ पीड़ितों को ढांढस बंधाया, बल्कि आर्थिक मदद देकर बड़ी राहत भी प्रदान की। शनिवार रात हुए इस दर्दनाक हादसे में गैस सिलेंडर ब्लास्ट के कारण गौशाला में भीषण आग लग गई थी, जिसमें 5 गायों की जिंदा जलकर मौत हो गई। हादसे की भयावहता ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। गौशाला में रह रहे परिवार—जिसमें दो महिलाएं और एक पुरुष शामिल हैं—ने आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन लकड़ी की छत होने के कारण आग तेजी से फैल गई और देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया। इसी दौरान सिलेंडर में जोरदार धमाका हो गया, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई। आग की चपेट में आकर पूरी गौशाला तहस-नहस हो गई और बंधी हुई गायों को बचाया नहीं जा सका। सूचना मिलते ही ग्रामीणों, गौरक्षकों और फायर ब्रिगेड की टीमों ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हादसे की जानकारी मिलते ही डॉ.मधुसूदन मालानी तुरंत झेरली गांव पहुंचे। उन्होंने पीड़ित गौशाला संचालक योगेश समदर्शी से मुलाकात कर उनका हाल जाना और उन्हें हिम्मत बंधाई। इस दौरान परिवार का दर्द छलक पड़ा और माहौल भावुक हो गया। मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए डॉ.मधुसूदन मालानी ने गौशाला के पुनर्निर्माण के लिए 2 लाख रुपये की सहायता राशि का चेक भेंट किया। उनकी इस पहल से पीड़ित परिवार को बड़ी राहत मिली और उन्होंने भावुक होकर उनका आभार जताया। गांव के लोगों ने भी इस कठिन समय में आगे आकर मदद करने के लिए डॉ.मालानी की सराहना की। ग्रामीणों का कहना है कि ऐसे संकट के समय में इस तरह का सहयोग पीड़ित परिवार के लिए संबल का काम करता है। इस हृदयविदारक घटना के बाद पूरे झेरली गांव में शोक की लहर है, लेकिन राहत की बात यह है कि समाज के लोग और जनप्रतिनिधि आगे आकर पीड़ित परिवार को संभालने में जुटे हैं।
झेरली गौशाला अग्निकांड: पीड़ित परिवार के आंसू पोंछने पहुंचे डॉ.मधुसूदन मालानी, 2 लाख रुपये की मदद से दी राहत
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April 19, 2026
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