झुंझुनूं (राजेन्द्र शर्मा झेरलीवाला): जयपुर संभागीय आयुक्त पूनम ने शुक्रवार को झुंझुनूं में विशेष योग्यजन बच्चों के लिए संचालित ‘आशा के झरने’ का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मूक-बधिर, दिव्यांग तथा बौद्धिक दिव्यांग बच्चों को दी जा रही विभिन्न सुविधाओं और उनके शैक्षणिक स्तर के बारे में भी जानकारी प्राप्त की। संभागीय आयुक्त ने केंद्र में दिव्यांग बच्चों के लिए उपलब्ध खेल-कूद, शिक्षा एवं भविष्य में रोजगार से जुड़ी व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की। उन्होंने बच्चों को दी जा रही फिजियोथेरेपी सेवाओं के बारे में विस्तार से जानकारी ली तथा उपचार से संबंधित व्यवस्थाओं का अवलोकन किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने बच्चों को केंद्र तक लाने और वापस घर पहुंचाने के लिए उपलब्ध परिवहन व्यवस्था की जानकारी भी अधिकारियों से प्राप्त की।
संभागीय आयुक्त पूनम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि दिव्यांग बच्चों के लिए चिकित्सा सहायता और नियमित स्वास्थ्य जांच की अतिरिक्त व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने कहा कि इन बच्चों को समाज की मुख्य धारा से जोड़ने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएं, साथ ही बड़े बच्चों के लिए स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में भी ठोस व्यवस्था करने के निर्देश दिए। जिला कलेक्टर डॉ.अरुण गर्ग ने बताया कि यहां के बच्चों के हेल्थ चेकअप में और अधिक सुधार करने की आवश्यकता है, इसके लिए बीडीके अस्पताल से टाई अप करके शिविर के माध्यम से इनका हेल्थ चेकअप किया जाएगा। इस अवसर पर झुंझुनूं एसडीएम कौशल्या बिश्नोई, समाज कल्याण विभाग के उपनिदेशक डॉ.पवन पूनिया, सीओ सिटी गोपाल ढाका, थाना प्रभारी श्रवण कुमार मील सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।