झुंझुनू (राजेन्द्र शर्मा झेरलीवाला): जिले में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के अंतर्गत अपात्र लाभार्थियों की पहचान एवं नाम विलोपन की प्रक्रिया को लेकर ‘गिव अप’ अभियान तेजी से चलाया जा रहा है। जिला रसद अधिकारी डॉ.निकिता राठौड़ ने बताया कि ऐसे परिवार जो निर्धारित मापदंडों में नहीं आते, वे 31 अगस्त 2025 तक स्वेच्छा से खाद्य सुरक्षा योजना से अपना नाम हटवा सकते हैं। डॉ.राठौड़ ने बताया कि जिन परिवारों में कोई सदस्य आयकरदाता हो, सरकारी सेवा में कार्यरत हो, वार्षिक आय 1 लाख रुपये से अधिक हो अथवा किसी के पास चार पहिया वाहन हो, वे इस योजना के लिए अपात्र माने जाते हैं। ऐसे परिवारों से अपील की गई है कि वे सामाजिक उत्तरदायित्व निभाते हुए योजना का लाभ स्वयं छोड़ें।
अब तक झुंझुनूं जिले में 8,324 राशन कार्डों और उनसे जुड़ी करीब 37,500 यूनिट्स को खाद्य सुरक्षा योजना से हटाया जा चुका है। इसके अतिरिक्त, गिव अप अभियान के तहत अपात्र पाए गए 340 परिवारों को नोटिस जारी कर स्वेच्छा से नाम विलोपित करने के लिए निर्देशित किया गया है। डॉ.राठौड़ ने नागरिकों से अपील की है कि जो परिवार योजना के मापदंडों के अनुसार अपात्र हैं, वे निर्धारित तिथि तक स्वेच्छा से नाम हटवाकर योजना का सही लाभ जरूरतमंदों तक पहुंचाने में योगदान दें।