जयपुर/निवाई (लालचंद सैनी): एसीबी मुख्यालय जयपुर, के निर्देश पर एसीबी भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो टोंक इकाई द्वारा कार्यवाही करते हुये आरोपी दीपक सिंह यादव हाल अग्रवाल अस्पताल के पास, कस्बा टोंक जिला टोंक हाल सहायक हेल्पर प्रथम (स्टोर कीपर) कार्यालय सहायक अभियन्ता जयपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड पीपलू, जिला टोंक को 8000 रूपये रिश्वत राशि लेते गिरफ्तार किया है।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के महानिदेशक पुलिस गोविन्द गुप्ता ने बताया कि एसीबी भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो टोंक को एक शिकायत इस आशय की मिली कि परिवादी के खेत पर नया विद्युत कनेक्शन स्वीकृत हुआ था। डीपी के अलावा अन्य सामान इश्यू किये जा चुके थे। 10 नवंबर को डीपी जारी करने के आदेश हो चुके थे। आरोपी दीपक यादव सहायक हेल्पर प्रथम (स्टोर कीपर) कार्यालय सहायक अभियन्ता जयपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड पीपलू, जिला टोंक द्वारा डीपी देने की एवज में 10000 रूपये रिश्वत राशि मांगकर परिवादी को परेशान किया जा रहा था। 11 नवंबर को वक्त मांग सत्यापन आरोपी द्वारा 10000 रूपये रिश्वत राशि की मांग कर परिवादी द्वारा कम करने की कहने पर 8000 रूपये रिश्वत की मांग की जाकर रिश्वत राशि देने पर परिवादी को डीपी देने हेतु कहा, जिस पर एसीबी के महावीर सिंह राणावत उप महानिरीक्षक पुलिस अजमेर रेंज के सुपरविजन में टीएलओ, झाबरमल अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो टोंक ने ट्रेप कार्यवाही करते हुए आरोपी दीपक सिंह यादव, हाल सहायक हेल्पर प्रथम ने परिवादी से 8000 रूपये रिश्वत राशि अपने कार्यालय की टेबल पर रखे कागज पर परिवादी से रखवायी गई तथा एईएन कार्यालय पीपलू में चले रहे निर्माण कार्य में से अज्ञात मजदूर को रिश्वत राशि टेबल से उठाकर भगा दिया। काफी तलाश करने पर रिश्वत राशि एईएन कार्यालय से नाथडी चौराहे पर जाने वाले आम सडक पर करीब 150-200 मीटर की दूरी पर स्थित बोपता खाल के पास आम रोड के दाहिनी साईड के गढ्ढे से बरामद हुई। आरोपी को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। एसीबी की अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस श्रीमति स्मिता श्रीवास्तव के सुपरविजन में आरोपी से पूछताछ तथा कार्यवाही जारी है। एसीबी द्वारा मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अन्तर्गत प्रकरण दर्ज कर अग्रिम अनुसंधान किया जायेगा।