जयपुर (श्रीराम इंदौरिया): प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस पर जहाँ राज्य सरकार सेवा पखवाड़ा मना रही थी, वहीं शिक्षा के अधिकार (RTE) के तहत चयनित गरीब व वंचित बच्चों को अब तक दाखिला न मिलने से आक्रोशित अभिभावक बुधवार को शिक्षा संकुल, जयपुर पहुँचे। संयुक्त अभिभावक संघ के बैनर तले जुटे अभिभावकों ने शिक्षा निदेशक को ज्ञापन सौंपने की कोशिश की, लेकिन उनके अनुपस्थित होने पर ज्ञापन को कार्यालय के गेट पर चस्पा कर दिया गया। साथ ही ज्ञापन की प्रति जिला शिक्षा अधिकारी और सीबीईओ को भी देनी चाही किंतु वह भी अनुपस्थित रहे, इस दौरान सीडीईओ मंजू शर्मा से मुलाकात हुई और उन्हें ज्ञापन दिया गया। इस बीच संघ के पदाधिकारियों ने प्रधानमंत्री मोदी के चित्र के सामने केक काटा और नारे लगाए –“भगवान नरेंद्र मोदी की जय!” “अब तो दाखिला दिलवा दो सरकार। प्रदेश अध्यक्ष अरविंद अग्रवाल ने केक काटा एवं उपस्थित विकास चंदोलिया, रवि खंडेलवाल, मनोज पाटनी, सुरेश कुमार, कुलवंत सिंह, धर्मेंद्र मीणा सहित बड़ी संख्या में उपस्थित अभिभावकों ने विरोध स्वरूप जन्मदिवस मनाया।
*निजी स्कूलों की मनमानी, विभाग की लापरवाही*
संयुक्त अभिभावक संघ के प्रदेश प्रवक्ता अभिषेक जैन बिट्टू ने आरोप लगाया कि सत्र 2025–26 की आरटीई प्रक्रिया शुरू हुए पाँच महीने हो चुके हैं, लेकिन हजारों बच्चों को अब तक दाखिला नहीं मिला। जैन ने कहा –“प्रधानमंत्री का जन्मदिवस ‘सेवा दिवस’ कहलाता है, लेकिन राजस्थान में यह ‘लाचार अभिभावक दिवस’ बन गया है। विभाग नोटिस जारी कर रहा है, पर अपने आदेश की पालना नहीं करवा पा रहा। यह गरीब बच्चों के सपनों से खिलवाड़ है।”
*संघ की प्रमुख माँगें*
* दाखिला न देने वाले स्कूलों की मान्यता और फीस प्रतिपूर्ति तत्काल रोकी जाए।
* प्रवेश प्रक्रिया की निगरानी के लिए विशेष समिति गठित हो।
* पाँच महीने की देरी की भरपाई हेतु सरकार “ब्रिज क्लासेस” शुरू करे।
*आंदोलन की चेतावनी*
संयुक्त अभिभावक संघ ने चेतावनी दी है कि यदि तुरंत ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस से ही प्रदेशव्यापी आंदोलन की शुरुआत की जाएगी। संघ स्कूलों की मनमानी और शिक्षा विभाग की लापरवाही बिलकुल भी बर्दाश्त नहीं करेगा और बच्चों का साल खराब होने नहीं देगा।