पिलानी (राजेन्द्र शर्मा झेरलीवाला): अखिल भारतीय किसान सभा की नरहड़ ग्राम इकाई और अन्य सामाजिक संगठनों के संयुक्त तत्वाधान में सोमवार को 33 केवी जीएसएस के सामने स्मार्ट मीटर लगाने के विरोध में ग्रामीणों ने एक विशाल प्रदर्शन किया। इस दौरान ग्रामीणों ने सरकार से स्मार्ट मीटर लगाने का फैसला वापस लेने की मांग की। किसान सभा के जिला उपाध्यक्ष बजरंग सिंह बराला ने सरकार को स्मार्ट मीटर के मुद्दे पर चेतावनी देते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में इसके खिलाफ गांव-गांव अभियान चलाकर पुरजोर विरोध किया जाएगा। संरक्षक दरिया सिंह धायल ने स्मार्ट मीटर के व्यावहारिक पहलुओं पर चिंता व्यक्त करते हुए बताया कि अक्सर गरीब उपभोक्ता समय पर बिजली का बिल जमा नहीं कर पाते, लेकिन पेनल्टी भरकर वे बिजली का उपयोग जारी रख पाते हैं। उन्होंने कहा कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद रिचार्ज कराना पड़ेगा, जो हर समय संभव नहीं हो पाएगा। धायल ने आगे कहा कि अस्पताल, बैंक या अन्य सरकारी संस्थाओं में समय पर बजट नहीं आने की स्थिति में यदि कनेक्शन कट गया तो सभी आवश्यक कार्य ठप हो जाएंगे। ग्राम कमेटी अध्यक्ष सत्यवीर बुडानिया ने सरकार के इस फैसले को "निरंकुश' करार दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने समय रहते इस फैसले को वापस नहीं लिया तो आर-पार की लड़ाई लड़ी जाएगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार की होगी। प्रदर्शन के बाद, मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन नरहड़ के जेईएन को सौंपा गया। इस अवसर पर रणधीर बुहाना (ब्लॉक अध्यक्ष), दुलीचंद (सचिव), मेघाराम जांगिड़ (कोषाध्यक्ष), सुभाष स्वामी (पूर्व सरपंच), तनसुख रणवा (अध्यक्ष सहकारी समिति नरहड़), रामसिंह बगरानिया, कृष्ण जांगिड़, फौजी सुरेश धायल, उमराव सिंह (पूर्व प्रधानाध्यापक), सूबेदार जयलाल खरड़िया, हरिकेश स्वामी, हंसराज शर्मा, अनवर तेली, रामचंद्र मीणा, मनोहर चौहान, बहादुर सिंह, प्रकाश, रामस्वरूप धायल, इंद्र नाई सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।
3/related/default