बीकानेर बार के वरिष्ठ वकील और पूर्व विधायक आरके दास गुप्ता और अन्य कई वकीलों का कहना है कि उच्चतम न्यायालय के सीजेआई डॉ.बीआर गवई और कानून एवं न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने सीजेआई की बीकानेर यात्रा के दौरान न्यायिक मर्यादाओँ का उल्लंघन किया है। सीजेआई को होटल पैलैस में ठहराना सरकारी धन का अपव्यय है जबकि बीकानेर में सर्किट हाउस है। मंत्री के साथ सीजेआई की सैर करना भी न्यायिक मर्यादा का उल्लंघन है। जब प्रधानमंत्री पूर्व सीजेआई के घर गए थे तब कितना हल्ला मचा था। बीकानेर में जो हुआ, यह सब भी न्यायिक मर्यादाओं को कम करने वाला है। उच्चतम न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश डॉ.बीआर गवई और भारत सरकार के कानून और न्याय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल संविधान का 75वां साल पूरा होने पर बीकानेर में एक मंच पर थे। इस मंच पर बीकानेर के वकीलों ने नारे लगाए “वी वान्ट हाईकोर्ट बैंच”। डॉ.गवई को केन्द्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल के समक्ष सार्वजनिक मंच से जवाब देना पड़ा कि बैंच खोलने की प्रक्रिया राजस्थान हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश की रिकमेन्डेशन के बाद होती है। गवई भाषण देकर सीट पर बैठ चुके थे। वकीलों के “वी वान्ट हाईकोर्ट बैंच” के नारों के बाद वापस मंच पर आकर नारों का वकीलों को जवाब देना पड़ा। यह स्थिति किसी नेता के लिए तो सामान्य बात है, परन्तु चीफ जस्टिस की मर्यादा को कम करती है। हालांकि संविधान के 75 साल पूरे होने पर भारत सरकार के विधि एवं न्याय मंत्रालय, राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बार एसोसिएशन बीकानेर का यह सरकारी कार्यक्रम था। इसमें सीजेआई का आना बीकानेर के लिए गर्व की बात है। इस कार्यक्रम में बीकानेर बार के अधिकांश वकील शामिल नहीं हुए। यहां तक कि बेंच की मांग को लेकर सभागार में ओडियंस में वकीलों से ज्यादा विद्यार्थी थे। बार के कुछ वकीलों का कहना है कि बार एसोसिएशन ने वरिष्ठ वकीलों को विश्वास में नहीं लिया, इसलिए इस आयोजन का बहिष्कार किया गया। मुख्य बात बीकानेर में हाईकोर्ट बैंच खोलने की घोषणा की उम्मीद लगाए लोगों के सामाने सीजेआई ने स्थिति स्पष्ट कर दी। हालांकि इस सभागार में ही पूर्व में हुए एक कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री की उपस्थिति में पूर्व सीजेआई ने वर्चुअल हाईकोर्ट बैंच खोलने की घोषणा की थी। इस पर अब तक कुछ भी नहीं हुआ। इससे पहले केन्द्रीय मंत्री बीकानेर में हाईकोर्ट बैंच खोलने के कई बार आश्वासन दे चुके थे। तब मंत्री ने बैंच खोलने की किसी प्रक्रिया का उल्लेख नहीं किया था। इस आयोजन के बाद बीकानेर बार में वकीलों के बीच सीजेआई के हाईकोर्ट बैंच खोलने का प्रोसेस बताने और केन्द्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल की ओर से दिए गए आश्वासनों को लेकर चर्चा रही।हालांकि बीकानेर बार एसोसिएशन से जुड़े वकीलों को उम्मीद है कि अब बीकानेर में हाईकोर्ट बैंच जरूर खुलेगी। बीकानेर हाईकोर्ट बैंच की मांग को लेकर पूरे संभाग के वकीलों ने अजय पुरोहित के अध्यक्ष कार्यकाल में 125 दिन तक हड़ताल रखी थी।
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