शहीद बिजेंद्र दौराता की प्रतिमा का अनावरण, वीरता को दी श्रद्धांजलि

AYUSH ANTIMA
By -
0


झुंझुनूं (राजेन्द्र शर्मा झेरलीवाला): भारतीय सेना की राजपूत रेजिमेंट के वीर शहीद बिजेंद्र दौराता की प्रथम पुण्यतिथि पर मंगलवार को उनके पैतृक गांव डुमोली कलां (ढाणी खूबा) में प्रतिमा अनावरण समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि गृह, गोपालन, पशुपालन एवं डेयरी राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम रहे, जिन्होंने शहीद की प्रतिमा का अनावरण कर पुष्पांजलि अर्पित की। इस अवसर पर सेना की टुकड़ी ने शहीद की प्रतिमा पर सैन्य सम्मान के साथ पुष्पांजलि अर्पित की। अनावरण से पूर्व ग्रामीणों ने तिरंगा रैली निकाली। समारोह में शहीद की मां धोली देवी, पिता रामजीलाल व पत्नी अंकिता देवी का राज्य मंत्री एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा शाल ओढ़ाकर सम्मान किया गया।कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने शहीद के बलिदान को याद करते हुए उनके परिवार के प्रति संवेदना और गर्व व्यक्त किया। मंत्री बेढम ने इस मौके को अपने जीवन का सौभाग्य बताया और कहा कि यह केवल एक मूर्ति का अनावरण नहीं, बल्कि उस अमर बलिदान का प्रतीक है, जो शहीद बिजेंद्र सिंह जैसे वीर सपूतों ने भारत माता की रक्षा में दिया है। उन्होंने शहीद के माता-पिता के चरणों में नमन करते हुए कहा कि उनके नेत्रों में वीरता की चमक और हृदय में ऐसी पीड़ा थी, जिसे केवल वही अनुभव कर सकते हैं जिनका बेटा राष्ट्र रक्षा में शहीद हुआ हो। उन्होंने कहा, “यह केवल एक परिवार का बलिदान नहीं, बल्कि यह समूचे राष्ट्र का गौरव है। शहीदों के परिजनों का धैर्य, साहस और समर्पण हमें सदा प्रेरित करता रहेगा।” इस अवसर पर खेतड़ी विधायक धर्मपाल गुर्जर, झुंझुनूं विधायक राजेंद्र भांभू, जिला प्रमुख हर्षिनी कुल्हरी, पूर्व सांसद संतोष अहलावत, पूर्व विधायक सुभाष पूनिया, नदबई के पूर्व विधायक योगेंद्र अवाना, शहीद के भाई दशरथ सिंह, बहनें भरफाई, शर्मिला, कविता, पुत्र वियान व कियान, विशंभर पूनिया, सरजीत चौधरी, अजय चाहर, दिनेश धाभाई, सरला सैनी, बबलू अवाना, रोहितास मनकस, हरिराम गुर्जर, वर्षा सोमरा, विकास भालोठिया, सुभाष गुर्जर, योगेंद्र मिश्रा, सैन्य अधिकारी, पूर्व सैनिक एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।


*वीरता की अमर गाथा*

उल्लेखनीय है कि शहीद बिजेंद्र दौराता का जन्म 01 अगस्त 1998 में ग्रा. डुमोली कलां में हुआ। बिजेंद्र दौराता 25 सितम्बर 2018 में 06 राजपूत रेजिमेन्ट में सिपाही के पद पर नियुक्त हुये। अपने कार्यकाल के दौरान ऑपरेशन मेघदूत में ग्लवान घाटी (सिक्किम) में विभिन्न अभियानों में महत्वपूर्ण योगदान दिया। 24 मई 2022 को 10 राष्ट्रीय राइफल्स में पोस्टिंग गये। 15 जुलाई 2024 को डोडा (जम्मू कश्मीर) में आतंकवादियो की खोज अभियान के दौरान आतंकवादियो ने सेना की टुकडी पर गोलीबारी की, जिसमे सिपाही बिजेन्द्र ने भी अदम्य साहस का परिचय देते हुए आतंकवादियो से लड़ते लड़ते अपने प्राणो को भारत माता के लिए न्यौछावर किया।

Post a Comment

0Comments

Post a Comment (0)

#buttons=(Ok, Go it!) #days=(20)

Our website uses cookies to enhance your experience. Check Now
Ok, Go it!